खेसारी लाल यादव ने अश्‍लीलता नहीं फैलाई

झारखंड में अपनी फिल्‍म कुली नंबर वन के सेट पर भोजपुरी सुपर खेसारीलाल यादव ने अश्‍लीलता के मुद्दे पर खुलकर बात करते हुए कहा कि भोजपुरी में अश्‍लीलता खेसारीलाल यादव से नहीं है। इसके लिए वो लोग जिम्‍मेवार हैं, जिनकी सोच गलत है। आज समाज के एक प्रतिष्ठित आदमी के घर भी शादी जैसे आयोजन में अश्‍लील गाने बजते हैं और पूरा परिवार उसको एंजॉय करता है। तब किसी को परेशानी नहीं होती है, मगर जब ऐसी चीजों की जिम्‍मेवारी लेने की बारी आती है, तब खेसारीलाल यादव का नाम आगे कर दिया जाता है।

खेसारीलाल यादव ने कहा कि मैं सच कहूं तो शुरू के दिनों में जब मेरी समझ कम थी। मुझे अश्‍लीलता जैसी चीजों के बारे में पता नहीं था। तब लोग मुझे जो लिख कर देते थे, मैं गा देता था। मुझे लगता था, गाना चल रहा है। लेकिन पिछले दो सालों से मैंने कोई भी ऐसे गाने नहीं गाए, जिस पर कोई उंगली उठा सके। मैंने कोई ऐसी फिल्‍म नहीं बनाई, जो अश्‍लीलता के लिए जानी जाय। दबंग सरकार, नागदेव, संघर्ष जैसी कई सारी मेरी फिल्‍में देख लीजिए। सारी सामाजिक तौर पर फिट हैं और मैं ऐसा ही काम करना चाहता हूं। क्‍योंकि भोजपुरी मीठी भाषा है। इसलिए मैं भोजपुरी का नाम और आगे ले जाने में लगा हूं। जहां तक बात रही अश्‍लीलता की तो इसके लिए समाज के लोगों को भी आगे आना होगा। सिर्फ कलाकार को दोष देने से से नहीं होगा।

खेसारीलाल यादव ने चुनाव लड़ने की बात से इंकार करते हुए कहा कि आज किसी की मदद करना भी गुनाह हो गया। मेरा इरादा फिलहाल चुनाव लड़ने का नहीं है। भविष्‍य का पता नहीं। ईश्‍वर और जनता का आशीर्वाद मुझे जहां ले जायेगी, वहां मैं जाउंगा। क्‍योंकि मेरे होने में इनका ही बड़ा हाथ है। इसलिए मैं उनसे बाहर नहीं जा सकता हूं। खेसारीलाल यादव ने अपने शो में हंगामें को लेकर कहा कि लोग मुझे प्‍यार करते हैं। किसी भी प्रोग्राम में आगे आने एक चक्‍कर में एक –दूसरे से उलझ जाते हैं। इसका मतलब ये नहीं है कि वे मुझे हेट करते हैं। सिर्फ वैशाली के शो की बात छोड़ दें तो मुझे नापसंद करने के लिए कहीं हंगामा नहीं हुआ। वैशाली में भी एक साजिश थी, वर्ना वहां की जनता भी मुझे प्‍यार करती है।